Navratri 2025 Day 4 | मां कूष्मांडा की कथा | Maa Kushmanda Vrat Katha | आदिशक्ति कूष्मांडा

Navratri 2025 Day 4 | मां कूष्मांडा की कथा | Maa Kushmanda Vrat Katha | आदिशक्ति कूष्मांडा

नवरात्रि के चौथे दिन मां दुर्गा के कूष्मांडा स्वरूप की पूजा का विशेष महत्व है। मां कूष्मांडा, अष्टभुजाधारी देवी, शेर की सवारी करती हैं और अपने हाथों में कमंडल, धनुष-बाण, कमल, अमृत कलश, चक्र, गदा और जपमाला धारण करती हैं। पौराणिक कथा के अनुसार, जब ब्रह्मांड में अंधकार फैला हुआ था और किसी का भी अस्तित्व नहीं था, तब मां कूष्मांडा की दिव्य मुस्कान से सम्पूर्ण ब्रह्मांड की रचना हुई। सूर्यदेव, त्रिदेव और महासरस्वती, महालक्ष्मी तथा महाकाली सभी देवी-देवता इसी अद्भुत शक्ति की कृपा से अस्तित्व में आए। इस वीडियो में जानिए – 🔸 मां कूष्मांडा का दिव्य स्वरूप और आठ भुजाएँ 🔸 ब्रह्मांड की रचना से जुड़ी पौराणिक कथा 🔸 तारकासुर वध और कार्तिकेय जन्म की कथा 🔸 मां कूष्मांडा की पूजा से मिलने वाले लाभ मां कूष्मांडा की कृपा से जीवन में रोग, शोक और अंधकार दूर होते हैं और भक्त को शक्ति, साहस और समृद्धि प्राप्त होती है। #Navratri2025 #MaaKushmanda #NavratriDay4 #MaaDurga #VratKatha #KushmandaVratKatha #NavratriStory #MaaKushmandaStory #Adishakti #भक्तिऔरध्यान #BhaktiAurDhyan #BhaktiAurDhyan-भक्तिऔरध्यान⁩