••किस और है तेरी मंजिल,किस ओर जा रहा है अनमोल तेरा जीवन यूं ही क्यों जो गवा रहा है!!..जय सिता राम...

••किस और है तेरी मंजिल,किस ओर जा रहा है अनमोल तेरा जीवन यूं ही क्यों जो गवा रहा है!!..जय सिता राम...

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