मंड्रेला।कस्बे के रामलीला मैदान प्रांगण में शनिवार से सात दिवसीय दुर्लभ सत्संग एवं श्री रामकथा का शुभारंभ कलश यात्रा के साथ हुआ।पूर्व सरपंच सुरेश सोनी ने बताया कि रामकथा का वाचन ब्रह्चारी श्री आनंद महाराज ऋषिकेश, उत्तराखंड द्वारा किया जा रहा है।कथा के प्रथम दिन व्यासपीठ से कथावाचक ने रामकथा का महत्व बताते हुए कहा कि मानस को इसके श्रवण मात्र से शांति मिलती है।जो लोग रामकथा को सावधानी से गाते व सुनते है वे ही इस सुंदर मानस के अधिकारी है। राम कथा निर्विवाद रूप से दर्पण है जो आदर श्रद्धापूर्वक इसका श्रवण चिंतन करेगा उसे सात दिन में स्वयं के जीवन की त्रुटि और पतित पावन परमात्मा के कृपालु स्वभाव का अनुभव हो जाएगा।उन्होंने कहा कि रामकथा भगवान का दिव्य चरित्र होने के साथ मन की मलिनता धोने की कथा है।कथा से पूर्व रामलीला मैदान से कस्बे के मुख्य मार्गो से कलश यात्रा निकाली जिसका जगह-जहग ग्रामीणों ने स्वागत किया।