35 साल पहले स्व. राजकिशन जी की गाई शहीद कवि मेहर सिंह जी द्वारा बनाई एक बहुत अच्छी रागनी. मेहर सिंह के पोत्र आशीष का नाम गलती सेअमित कुमार लिखा गया, सही नाम आशीष है.