आषाढ़ मास में सुनिए"शिव महापुराण कथा"रुद्र संहिता(पार्वती खंड)से,अध्याय-25,26 कीकथा। #shivmahapuran

आषाढ़ मास में सुनिए"शिव महापुराण कथा"रुद्र संहिता(पार्वती खंड)से,अध्याय-25,26 कीकथा। #shivmahapuran

‪@ShriKrishanDiwani‬ #shrikrishandiwani #shivpurankatha #shivmahapuran #shivmahapurankatha #शिवपुराणकथा #शिवमहापुराणकथा #शिवपुराण भगवान शिव की महिमा का गुणगान कई प्राचीन भारतीय ग्रंथों में देखने को मिलता है लेकिन शिव पुराण में उनके जीवन पर गहराई से प्रकाश डाला गया है। शिव पुराण में उनके जीवन, विवाह, संतान, रहन-सहन आदि के बारे में विस्तार से बताया गया है। शिव पुराण में 6 खंड और 24000 श्लोक हैं।  जो भी व्यक्ति भगवान शिव की Army प्राप्त करना चाहता है और जीवन से दुख-दरिद्रता को दूर करना चाहता है उसे शिव पुराण का पाठ अवश्य करना चाहिये। *इस पुराण का पाठ करना आपको मानसिक और शारीरिक शांति प्रदान करता है। *** शिव पुराण पढ़ने के लाभ *** 1. भगवान शिव को भोलेनाथ भी कहा जाता है और उनकी कृपा मात्र से भक्तों के कई कष्टों का निवारण हो जाता है। 2. शिव पुराण का पाठ करने से व्यक्ति को भय से मुक्ति मिलती है। 3. इस पुराण का पाठ करने से व्यक्ति को भोग और मोक्ष दोनों की ही प्राप्ति होती है। 4. यदि आप अपने पापों से छुटकारा पाना चाहते हैं तो शिव पुराण का पाठ सबसे ज्यादा लाभकारी है। 5. फाल्गुन और सावन के महीने में शिव पुराण का पाठ करने से जीवन के सब दुखों से मुक्ति मिलती है। 6. शिव पुराण का पाठ करने या सुनने से इंसान को मृत्यु का भय नहीं सताता और मृत्यु के बाद ऐसे व्यक्ति को शिव के गण लेने आते हैं। 7. मानसिक शांति की प्राप्ति के लिये भी शिव पुराण का पाठ किया जाता है।