यह है श्री राज प्रसाद शर्मा की रिकवरी स्टोरी, जिन्हें लगभग 3 महीने पहले पेट में तेज दर्द हुआ। जांच में पता चला कि पित्त की थैली में कई स्टोन थे और सूजन भी काफी थी। डिटेल एग्जामिनेशन और सोनोग्राफी में क्रोनिक कोलेसिस्टाइटिस और गॉलब्लैडर की वॉल थिकनेस बढ़ी हुई पाई गई। सर्जरी के दौरान यह केस और जटिल निकला — गॉलब्लैडर पूरी तरह पस (Empyema) से भरा हुआ था, दीवार कमजोर और सूजी हुई थी, और कई छोटे-छोटे स्टोन अंदर भरे हुए थे। ऐसी कंडीशन में सर्जरी करना चुनौतीपूर्ण होता है क्योंकि आसपास के ऑर्गन्स को सुरक्षित रखते हुए बहुत सावधानी से ऑपरेशन करना पड़ता है। डॉ अमित बेंगानी जैन, सीनियर कंसल्टेंट लैप्रोस्कोपिक सर्जन, ने सफलतापूर्वक लैप्रोस्कोपिक गॉलब्लैडर रिमूवल (Cholecystectomy) किया। आज दूसरे दिन, मरीज पूरी तरह कंफर्टेबल है — चल-फिर रहे हैं, खाना-पीना सामान्य है और दर्द बहुत कम है। यह केस दिखाता है कि गॉलब्लैडर स्टोन, चाहे एक हो या कई, और चाहे जटिल स्थिति क्यों न हो — स्थायी इलाज सर्जरी ही है। समय पर इलाज से गंभीर जटिलताओं से बचा जा सकता है। 📍 City: Jaipur, Rajasthan 🌐 Website: www.dramitbenganijain.com 📞 Consultation: +91 96440 32229 #dramitbenganijain #gallbladderstone #empyemagallbladder #laparoscopicsurgery #gallbladderremoval #gallstonestreatment #jaipurdoctor #patientstory #surgerysuccess #healthawareness #laparoscopyjaipur #recoveryjourney #medicalstory