समाजवादी पार्टी और राष्ट्रीय लोकदल के बीच यूपी विधानसभा चुनाव के बीच गठबंधन हुआ था. जो फिलहाल तक तो कायम है. लेकिन, अब निकाय चुनाव के नजदीक आते-आते ऐसा लग रहा है कि यह गठबंधन खत्म भी हो सकता है. मेरठ के महापौर पद पर रालोद अपना प्रत्याशी उतारना चाहती थी लेकिन ऐन मौके पर सपा ने विधायक अतुल प्रधान की पत्नी को टिकट दे दिया. ऐसे में अब कयास लगाए जा रहे हैं कि मेरठ से रालोद भी सपा के खिलाफ उम्मीदवार उतारेगी. हालांकि विवाद बढ़ने के बाद सपा ने बड़ौत और बागपत में उम्मीदवार नहीं उतारने का फैसला किया है. अब सवाल यही है कि क्या सपा के बैकुफट आने से गठबंधन मे उभर रही दरार खत्म हो जाएगी. क्या कार्यकर्ताओं के बीच उभरा असंतोष सपा-रालोद गठबंधन टूटने की वजह बनेगा. या अखिलेश और जयंत आपसी मुलाकात करके इस पूरे मामले पर पूर्णविराम लगा देंगे और 24 की तैयारी में पूरी ताकत और प्लानिंग से करेंगे.